Gumla : गुमला में हत्या के तीन आरोपी भाइयों को उम्रकैद की सजा
Gumla : गुमला के जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश-3 भूपेश कुमार की अदालत ने बंधन उरांव हत्याकांड मामले में गुरुवार को अपना फैसला सुनाये. जज ने हत्या में शामिल तीन आरोपी भाइयों को उम्रकैद की सजा सुनाये हैं. जिसमें चैनपुर प्रखंड स्थित कुरूमगढ़ थाना के बामदा कोरकोटोली निवासी मेहमान उरांव के बेटे. छोटू उरांव उम्र 22 वर्ष, भैयाराम उरांव उम्र 35 वर्ष और अनिल उरांव उम्र 26 वर्ष है. जज ने बंधन उरांव हत्या मामले में इन तीनों भाइयों को दोषी पाया है. तीनों भाइयों को आइपीसी धारा 302/34 की तहत अजीवन कारावास और 25000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है. जुर्माना नहीं देने पर तीन वर्ष अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी. वहीं आइपीसी धारा 324/34 के तहत तीन वर्ष कठोर कारावास और 5000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है. जुर्माना नहीं देने पर छह महीने की अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी. जज ने स्पष्ट किया है कि उपरोक्त दोनों सजाएं एक साथ चलेगी. जबकि डिफॉल्ट सजाएं अलग से और मूल्य सजाओं के बाद चलेगी.
घर से बुलाकर हत्या की थी
बामदा कोरकोटोली निवासी बंधन उरांव की हत्या के बाद उसकी पत्नी दशमी देवी केस दर्ज करायी थी. मामला आठ मई 2021 की शाम लगभग 7:00 बजे की है. दशमी और उसके पति बंधन उरांव अपने घर में थे. तभी उसी गांव के छोटू उरांव और रखनु उरांव उनके घर आये और बंधन उरांव के बारे में पूछताछ की. उसके बाद वे लोग उसके पति बंधन उरांव को अपने साथ ले गये. यह देख पत्नी दशमी देवी भी पीछे-पीछे चली गयी. मेहमान उरांव के घर पहुंचने पर मेहमान उरांव के पुत्रों ने मिलकर बंधन उरांव के ऊपर लाठी से लगातार हमला किया. जिससे उनके सिर पर गंभीर चोटे आयी. उसके परिणाम स्वरुप गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़े. देर रात होने और परिवहन सुविधाओं के अभाव के कारण घायल को अस्पताल नहीं ले जाया जा सका. अगली सुबह नौ मई 2021 को लगभग 7:00 बजे ग्रामीणों की सहायता से उन्हें इलाज के लिए गुमला सदर अस्पताल ले जाया गया. जहां इलाज के दौरान डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया.
