गुमला में 100 से अधिक लोगों को मिले मुफ्त हेलमेट, डीसी-एसपी ने किया सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक
गुमला में सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और आम लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से सुरेश प्रसाद ऑर्गनाइजेशन फॉर एजुकेशन, हेल्थ एंड चैरिटी (SPEHC) की ओर से हेलमेट वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया. यूनाइटेड एशिया के निदेशक एवं संस्था के ट्रस्टी रोहित प्रसाद की पहल पर 100 से अधिक लोगों के बीच निःशुल्क हेलमेट वितरित किए गए. कार्यक्रम में जिले के उपायुक्त दिलेश्वर महतो, पुलिस अधीक्षक हरीश बिन जमा, अनुमंडल पदाधिकारी और जिला परिवहन पदाधिकारी मौजूद रहे.
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने दोपहिया वाहन चालकों से यातायात नियमों का पालन करने और प्रत्येक यात्रा में हेलमेट का अनिवार्य रूप से इस्तेमाल करने की अपील की. उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा के प्रति लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है. खासकर त्योहारों के दौरान सड़कों पर बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए वाहन चालकों को सतर्क रहने की जरूरत है.
नशे में वाहन चलाने पर होगी कार्रवाई
डीसी और एसपी ने नशे में वाहन चलाने वालों को सख्त चेतावनी दी. उन्होंने कहा कि शराब पीकर वाहन चलाने से दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है. इसका खामियाजा न केवल वाहन चालक, बल्कि उसके पूरे परिवार को भुगतना पड़ सकता है. सड़क सुरक्षा समिति की बैठकों में लिए गए निर्णयों के अनुरूप पुलिस की ओर से ड्रिंक एंड ड्राइव के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी। इसमें जुर्माने के साथ कारावास का प्रावधान भी है.
ठंड और धूल से भी बचाव करता है हेलमेट
अधिकारियों ने कहा कि हेलमेट दुर्घटना के दौरान सिर में गंभीर चोट लगने के खतरे को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है. इसके अलावा ठंड और धूल से भी बचाव में मदद करता है. इसलिए दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने को बोझ नहीं, बल्कि अपनी सुरक्षा की जरूरत समझना चाहिए.
गांवों में भी चलेगा हेलमेट वितरण अभियान
SPEHC की ओर से सामाजिक जिम्मेदारी के तहत यह पहल की गई है. संस्था के ट्रस्टी रोहित प्रसाद ने आश्वस्त किया कि आने वाले दिनों में गुमला जिले के विभिन्न गांवों को चिह्नित कर वहां भी हेलमेट वितरण अभियान चलाया जाएगा. कार्यक्रम के अंत में अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि मुफ्त हेलमेट मिलने की उम्मीद में अपनी सुरक्षा को नजरअंदाज न करें. प्रत्येक दोपहिया चालक स्वयं हेलमेट खरीदें और उसका नियमित इस्तेमाल करें. उन्होंने कहा कि यातायात नियमों का पालन और जिम्मेदारी से वाहन चलाना ही सड़क दुर्घटनाओं को रोकने का सबसे प्रभावी तरीका है.
