बारिश के बीच खेला रोमांचक फाइनल, संत इग्नासियुस गुमला ए बनी 13वें गुरु भक्ति मुन्ना फुटबॉल टूर्नामेंट की चैंपियन
संत इग्नासियुस उच्च विद्यालय गुमला में आयोजित तीन दिवसीय 13वें गुरु भक्ति मुन्ना फुटबॉल टूर्नामेंट का समापन रविवार को हुआ. विद्यालय के सेवानिवृत्त शिक्षकों के सम्मान में आयोजित प्रतियोगिता में गुमला, लोहरदगा, रांची, सिमडेगा और खूंटी की 25 टीमों ने हिस्सा लिया.
फाइनल में संत इग्नासियुस उच्च विद्यालय गुमला ए टीम और संत जोस स्कूल रांची आमने-सामने थीं. दोनों टीमों के बीच कड़ा मुकाबला हुआ और निर्धारित समय तक स्कोर 1-1 रहा. अतिरिक्त समय में संत इग्नासियुस ए टीम ने 1-0 से जीत दर्ज कर खिताब अपने नाम किया. किशोर नगर नामकुम की टीम सेकंड रनरअप रही. सर्वाधिक गोल करने का पुरस्कार संत जोस स्कूल डोड़पा के मंगल मुंडा को मिला। बेस्ट कीपर संत इग्नासियुस उच्च विद्यालय गुमला ए के राजेंद्र उरॉंव, बेस्ट डिफेंडर हर्ष कुमार सिंह और बेस्ट प्लेयर का पुरस्कार संत जोस स्कूल रांची के नेहाल कच्छप को दिया गया.
मुख्य अतिथि विद्यालय के सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक सह टूर्नामेंट के संस्थापक फादर इरेनसीयुस मिंज, सेवानिवृत्त शिक्षक कामिल डुंगडुंग, एल्विन टोप्पो, अजिता लकड़ा, जीवन किशोर कुजूर और आंद्रियस कुजूर ने विजेता, उपविजेता व श्रेष्ठ खिलाड़ियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया.
जोश के सामने मौसम को भी माननी पड़ी हार
फादर इरेनसीयुस मिंज ने खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि उनके जोश के सामने मौसम को भी हार माननी पड़ी. बारिश के बावजूद खिलाड़ी कठिन परिस्थितियों में मैदान पर डटे रहे. उन्होंने कहा कि विद्यालय से वर्ष 2010 में सेवानिवृत्त होने वाले शिक्षकों के सम्मान, नन्हें खिलाड़ियों की प्रतिभा निखारने और उन्हें मंच देने के उद्देश्य से इस टूर्नामेंट की शुरुआत की थी. इसमें कई जिलों के खिलाड़ी एक साथ हिस्सा लेते हैं. उन्होंने खिलाड़ियों से प्रतिभा को निखारकर आगे बढ़ने और अपने सपनों को पूरा करने के लिए निरंतर प्रयास करने का आह्वान किया.
नागपुरी गीतों पर थिरके दर्शक
समापन समारोह में संत इग्नासियुस उच्च विद्यालय व इंटर कॉलेज के विद्यार्थियों ने नागपुरी गीतों की धुन पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। प्रस्तुति पर दर्शक और मंचासीन अतिथि भी झूम उठे.
खिलाड़ियों ने कठिन परिस्थितियों से जूझने की क्षमता दिखायी
विद्यालय के प्रधानाध्यापक फादर मनोहर खोया ने आयोजन में सहयोग करने वालों के प्रति आभार जताया. उन्होंने कहा कि बारिश के बीच खिलाड़ियों ने अनुशासन, एकता, सहयोग और कठिन परिस्थितियों से जूझने की क्षमता का परिचय दिया. उन्होंने विजेता टीम को बधाई देते हुए हारने वाले खिलाड़ियों से नियमित अभ्यास करने को कहा. उन्होंने कहा कि हार के बाद ही जीतने की ललक पैदा होती है. आयोजन का उद्देश्य खेल प्रतिभा को बढ़ावा देने के साथ सेवानिवृत्त शिक्षकों को विद्यालय परिवार से जोड़े रखना भी है.
मौके पर बसंत फादर जयवंत सोरेंग, फादर प्रफुल्ल एक्का, नेम्हा रेणुका मिंज, कुलदीप प्रताप बा, रश्मि प्रभा प्रसाद, जस्टिन टोप्पो, सिमोन कुजूर, पूनम टोप्पो, राजेश कुमार राय, जेवियर डुंगडुंग, हीरालाल नाम, नीलाम प्रकाश लकड़ा, विर्देश्वर कुमार, कपिल जोस एक्का, अजमीर किड़ो, अरविंद केरकेट्टा, अनमोल टोप्पो, विक्रम प्रसाद साहू, अनुभा कुजूर, मधु किरण कुजूर, पवन किड़ो, सुरेश बेक, संतोष कुमार साहू, शशि लकड़ा, सीमा एक्का, अनामिका खलखो, ज्ञानलता लकड़ा, दिव्य किशोरी कुल्लू, दिव्य गुलाब टोप्पो, रश्मि तिर्की, प्रियंका लकड़ा, मनोज कुजूर, सुमित कुमार सिंह, बसंत साहू, अमित प्रभा एक्का, अंजलि मेरी केरकेट्टा, फरहत अरजू, अमोर तिर्की, जाफर , शिवकुमार साहू, मुकेश ठाकुर, श्याम सुंदर ठाकुर, नजरियस कुजूर, पाट्रिक केरकेट्टा, ज्योति लकड़ा, भलेरिया खाखा, विनोद लकड़ा, विजय तिर्की, फ्रांसिस्का एक्का सहित अन्य मौजूद थे।
