गुमला में कांग्रेस का SIR पर वार, सुखदेव भगत बोले- वोट ही नहीं, अधिकार भी छीने जा रहे
गुमला जिला कांग्रेस कमिटी की कार्यकारिणी की बैठक सोमवार को सर्किट हाउस सभागार में जिला अध्यक्ष राजनील तिग्गा की अध्यक्षता में हुई. बैठक में संगठन को मजबूत करने, पदाधिकारियों को सौंपे गए दायित्वों का प्रभावी ढंग से निर्वहन कराने तथा मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर आगे की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गयी. बैठक में सांसद सुखदेव भगत, झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष शमशेर आलम, लोकसभा सह प्रभारी विजय खां समेत जिला, प्रखंड एवं विधानसभा स्तर के पदाधिकारी मौजूद रहे. सांसद सुखदेव भगत ने कहा कि गुमला लोकसभा क्षेत्र लंबे समय तक ऐसे दौर से गुजरा है. जब कांग्रेस का कोई प्रतिनिधि संसद में नहीं था. मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण हैं और कार्यकर्ताओं को हर परिस्थिति के लिए तैयार रहना होगा.
एसआईआर को लेकर उन्होंने कहा कि मामला केवल मतदाताओं के नाम काटे जाने तक सीमित नहीं है. बल्कि कुछ क्षेत्रों में गलत तरीके से नाम जोड़ने की कोशिश भी हो सकती है. उन्होंने कार्यकर्ताओं से मतदाता सूची की बारीकी से जांच करने तथा किसी भी गड़बड़ी का लोकतांत्रिक एवं कानूनी तरीके से विरोध करने की अपील की. सांसद ने कहा कि आने वाले समय में आदिवासी अधिकार, जमीन, जंगल और खनिज संसाधनों पर स्थानीय लोगों के अधिकार तथा विस्थापन जैसे मुद्दे महत्वपूर्ण रहेंगे. खनन एवं खनिज से जुड़े केंद्रीय कानूनों में किए जा रहे बदलावों पर भी उन्होंने चिंता जतायी.
उन्होंने कहा कि यदि जमीन स्थानीय लोगों की है, खनिज और जंगल इसी क्षेत्र के हैं तथा विस्थापन का भार भी स्थानीय लोगों को उठाना पड़ता है, तो उनके अधिकारों की आवाज मजबूती से उठनी चाहिए. मंईयां सम्मान योजना को लेकर भी सांसद ने केंद्र और राज्य की नीतियों पर सवाल उठाये. उन्होंने दावा किया कि केंद्र स्तर से राज्य के हिस्से की राशि में कटौती की कोशिश हो रही है. जिसका कांग्रेस राजनीतिक एवं जनहित के स्तर पर विरोध करेगी. उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा, “भाजपा का गोरखधंधा राम मंदिर का चंदा खा गया.” उन्होंने चंदे से जुड़े मामलों की निष्पक्ष जांच और जवाबदेही तय करने की मांग की.
दो लाख 11 हजार वोट कमतर नहीं : शमशेर आलम
अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष शमशेर आलम ने कहा कि लंबे संघर्ष और परिश्रम के बाद कांग्रेस ने लोकसभा सीट पर जीत हासिल की है. उन्होंने सांसद सुखदेव भगत को जुझारू नेता बताते हुए कहा कि वे संगठन के प्रति भी सजग हैं और राज्य की आवाज दिल्ली में उठाते हैं. उन्होंने कहा कि संगठन जितना मजबूत होना चाहिए, उतना अभी दिखायी नहीं दे रहा है. प्रखंड अध्यक्षों को संगठन विस्तार पर विशेष ध्यान देते हुए कर्मठ और जुझारू कार्यकर्ताओं को आगे लाना होगा. उन्होंने कहा कि झामुमो सहयोगी दल है, लेकिन गुमला में कांग्रेस को अपने संगठन को मजबूत करना होगा.
30 साल से गुमला में कांग्रेस का विधायक नहीं : विजय खां
लोकसभा सह प्रभारी विजय खां ने कहा कि गुमला में करीब 30 वर्षों से कांग्रेस का विधायक नहीं है. लंबे समय बाद पार्टी ने लोकसभा में अपना प्रतिनिधित्व हासिल किया है. लेकिन संगठन की मौजूदा स्थिति संतोषजनक नहीं है. उन्होंने कार्यकर्ताओं से एसआईआर के दौरान बूथ स्तर पर सक्रिय रहने और मतदाता सूची को लेकर सजग रहने की अपील की. बूथ लेवल एजेंटों को अपनी जिम्मेदारी गंभीरता से निभाने तथा 15 सितंबर तक पूरी सक्रियता के साथ संगठनात्मक कार्य में जुटने का आह्वान किया गया.
बैठक में मौजूद लोग
इस दौरान जिला उपाध्यक्ष रोहित उरांव, सुजीत जायसवाल, सीता देवी, मानिकचंद साहू, निशांत दुबे, महासचिव फिरोज आलम, बैबुल अंसारी, संजीव मालानी, रूपेश सन्नी, रफी अली, नगर अध्यक्ष जय सिंह, पप्पू होता, अल्बर्ट तिग्गा, मनसूब अंसारी, अनिरुद्ध चौबे, सैय्यद खालिद शाह, इकरामुल हक समेत अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे.
