जर्जर मेन रोड पर फूटा गुस्सा, 31 अगस्त को सिसई बंद का ऐलान; हाईवे जाम करने का निर्णय
गुमला स्थित सिसई प्रखंड के जर्जर मेन रोड और नाली निर्माण की मांग को लेकर शुक्रवार को सिसई संघर्ष मोर्चा की बैठक हुई. बैठक की अध्यक्षता संजय वर्मा ने की. बैठक में संजय वर्मा ने कहा कि पिछले तीन वर्षों से सिसई के लोग मेन रोड की जर्जरता के कारण कभी जलजमाव तो कभी धूल से परेशान हैं. पिछले दिनों सिसई बंद और धरना प्रदर्शन कर प्रशासन तक समस्या को पहुंचाने का स्थानीय लोगों ने काम किया था. उस समय प्रशासन की ओर से दिये गये आश्वासन के बावजूद सड़क एवं नाली निर्माण कार्य शुरू नहीं किया गया है. जिससे स्थानीय लोगो मे भारी नाराजगी है.
पिछले करीब तीन वर्षों से सड़क जर्जर है. सड़क पर जगह-जगह गड्ढे बने हैं. जिससे आवागमन में लोगों को काफी परेशानी होती है. बरसात के दिनों में सड़क पर जलजमाव की स्थिति बन जाती है. इससे राहगीरों, दुकानदारों और वाहन चालकों को परेशानी होती है. वहीं बारिश नहीं होने पर जर्जर सड़क से लगातार धूल उड़ती रहती है. जिससे लोगों को परेशानी के साथ-साथ दुकानदारों को भी नुकसान उठाना पड़ रहा है.
बैठक में निर्णय लिया गया कि सड़क और नाली निर्माण कार्य शुरू नहीं होने के विरोध में 31 अगस्त को संपूर्ण सिसई बंद कराया जायेगा. साथ ही डाड़हा के समीप साहू मोटर के पास एक दिवसीय हाइवे जाम करने का निर्णय लिया गया. मोर्चा ने कहा कि लगातार आश्वासन मिलने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने से अब आंदोलन को और तेज किया जायेगा.
बैठक में आंदोलन की जानकारी देने और प्रशासन के समक्ष अपनी मांग रखने के लिए शनिवार को सिसई संघर्ष मोर्चा का 10 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल द्वारा उपायुक्त से मुलाकात करने का भी निर्णय लिया गया. मौके पर मुकेश श्रीवास्तव डेविड, महमूद आलम, सदर सलमान अली, सुमित महली, नंदकिशोर शाहदेव, मनोहर पंडित, रामानंद सिंह, चरवा उरांव, दिलशाद आलम, मनोज वर्मा सहित कई समाजसेवी और व्यवसायी उपस्थित थे.
